इराक़ में ससंद चुनावों के शुरुआती नतीजों के मुताबिक प्रधानमंत्री नूरी अल मालिकी दौड़ में आगे बढ़ते नज़र आ रहे हैं. पूर्व प्रधानमंत्री अलावी की पार्टी दूसरे नंबर पर चल रही है.
मालिकी आगे
मालिकी अगर अपने पद पर बने रहे तो बड़ी तेल कंपनियों को फ़ायदा होगा, जो इराक़ में अपने कारोबार को अच्छे से जमाना चाहती हैं. चुनाव के नतीजे अगर स्थिरता की ओर संकेत करेंगे, तो अमेरिका भी 2011 तक अपने सैनिक इराक़ से निकाल लेगा.
इस वक़्त मालिकी की स्टेट ऑफ लॉ पार्टी इराक़िया लिस्ट के पूर्व प्रधानमंत्री याद अलावी और शिया पार्टियों से आगे चल रही है. अभी से पार्टियों के बीच गठबंधन बनाने की बातें शुरू हो गई हैं .
इराक़ के चुनाव आयोग ने शनिवार को बताया कि अल मलीक़ी के गठबंधन ने दक्षिण इराक़ के छह प्रांतों में बढ़त हासिल कर ली है जब कि अल्लावी का गठबंधन दियाला और सलाह अद दीन प्रांतों में आगे है. बग़दाद में मालिकी की पार्टी आगे है.
प्रधानमंत्री मालिकी के गंठबंधन स्टेट ऑफ़ लॉ के एक नेता अब्दुल्ला इस्कंदर ने समाचार एजेंसी डीपीए को बताया कि गठबंधन 100 सीटें जीत सकता है. अब तक मालिकी का गठबंधन इराक़ के दक्षिणी बाबिल, नजफ़, धी क़ार, वसीत, क़दीसिया और मुतहना प्रांतों में आगे है. पूर्व प्रधानमंत्री अलावी का गठबंधन तीन प्रांतों में आगे बताया जा रहा है. इराक़ी नैशनल अलायंस आईएनए, जिसका सबसे बड़ा सदस्य शिया सुप्रीम काउंसिल ऑफ़ इराक़ है, ने दक्षिणी मायसन प्रांत में बढ़त हासिल कर ली है.
नतीजों के पूरी तरह निकलने से पहले ही पार्टियों के बीच गठबंधन को लेकर बातचीत शुरू हो गई है. अगर आईएनए का प्रदर्शन अच्छा रहा तो सरकार बनाने में यह एक अहम भूमिका निभा सकता है. इराक़ीया लिस्ट गठबंधन और आईएनए के साथ आने की भी बात चल रही है लेकिन शिया काउंसिल प्रधानमंत्री अपनी पार्टी से बनाना चाहता है जिससे मुश्किलें पैदा हो सकती हैं. उधर मालिकी की पार्टी ने उत्तर में कुर्द पार्टियों को साथ मिलाने की कोशिशें शुरू कर दी हैं.
इन सब में बग़दाद शहर के नतीजे सबसे ज़्यादा अहमियत रखते हैं. इराक़ की सरकारी टेलिविज़न चैनल ने चुनाव आयुक्त के हवाले से कहा है कि बग़दाद शहर के नतीजे कुछ ही देर में बताए जाएंगे.
रिपोर्टः एजेंसियां/एम गोपालकृष्णन
संपादनः आभा मोंढे